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76वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर ऑनलाइन फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता

महर्षि दयानन्द जी की 200वीं जयंती एवं आर्यसमाज की सार्ध शताब्दी (150) के आयोजनों की श्रृंखला में 76वें गणतंत्र दिवस...
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प्राणों से भी बढ़कर प्यारा, है सत्यार्थ प्रकाश हमारा। प्राणों से भी बढ़कर प्यारा,है सत्यार्थ प्रकाश हमारा।मोहमाया तम हरने वाला,ज्ञान उजाला...
पढ़ो सत्यार्थ प्रकाश, जब भी मिले तुम्हें अवकाश पढ़ो सत्यार्थ प्रकाश,जब भी मिले तुम्हें अवकाश,यह मन के मैलों कोसाफ करने की...
सत्यार्थ प्रकाश ऋषि की, इक अनमोल निशानी है। सत्यार्थ प्रकाश ऋषि की,इक अनमोल निशानी है।सब धर्मों की छानबीन कर,लिखा ग्रंथ लासानी...
डरे हुए को अभय दान दो, भूखों को अनाज का दान। डरे हुए को अभय दान दो,भूखों को अनाज का दान।प्यासे...
कर कुछ नेकी, पास प्रभु के जाने के लिए। कर कुछ नेकी,पास प्रभु के जाने के लिए।आया नहीं तू खाने और,मर...
है वह सच्चा इन्सान, जो किसी के काम आता है। है वह सच्चा इन्सान,जो किसी के काम आता है।दुःखी होता दुःखी...
पागल सब संसार देखा, पागल सब संसार। पागल सब संसार देखा,पागल सब संसार।ये जग दीवानों की बस्ती,देख सोच विचार।।कोई देखा धन...
परमेश्वर से प्रीत कर, मन अपने को जीत कर। परमेश्वर से प्रीत कर,मन अपने को जीत कर।पर हित पर उपकार में,जीवन...
ओ३म् नाम लिये जा, तू दान दिये जा। ओ३म् नाम लिये जा,तू दान दिये जा।आने वाली मुश्किलें,आसान किये जा।।खाना-पीना पहनना और,सोना...
जीवन है ये क्या जीवन, जिसमें न रवानी है। जीवन है ये क्या जीवन,जिसमें न रवानी है।जिन्दगी और कुछ भी नहीं,दो...
करजा तू भला कुछ दुनियाँ का करजा तू भला कुछ दुनियाँ का,मत हीरा जन्म गँवा प्यारेहर दिल में तेरी याद रहे,कोई...
ऐ दुनिया में रहने वालों, नाम प्रभु का लिया करो। ऐ दुनिया में रहने वालों,नाम प्रभु का लिया करो।दिल दुःख जाए...
है वह सच्चा इन्सान, जो किसी के काम आता है। है वह सच्चा इन्सान,जो किसी के काम आता है।दुःखी होता दुःखी...
अपने दुःख में रोने वाले, मुस्कराना सीख ले। अपने दुःख में रोने वालेमुस्कराना सीख ले।दूसरों के दर्द में आंसूबहाना सीख ले।। जो...
ईश हमें देते हैं सब कुछ, हम भी तो कुछ देना सीखें। ईश हमें देते हैं सब कुछ,हम भी तो कुछ...
किसी के काम जो आये उसे इन्सान कहते हैं। किसी के काम जो आयेउसे इन्सान कहते हैं।पराया दर्द जो अपनायेउसे इन्सान...
यज्ञोपवीत लेकर खुद को निहारना है। यज्ञोपवीत लेकर खुद को निहारना है।जीवन सुधारने का संकल्प धारना है।हर झूठ की तरफ से...
होता है सारे विश्व का कल्याण यज्ञ से। होता है सारे विश्व का कल्याण यज्ञ से।मिलता है आशीर्वाद हमें नित्य यज्ञ...
ऐसी कृपा हो भगवन, घर-घर में यज्ञ-हवन हो। ऐसी कृपा हो भगवन,घर-घर में यज्ञ-हवन हो।वर्षा हो शान्ति की,सुख की भरी पवन...
ओ३म् हमको सदा, सद्बुद्धि सम्पन्न कीजिये। ओ३म् हमको सदा,सद्बुद्धि सम्पन्न कीजिये।यज्ञमय जीवन बने,वह शक्ति हमको दीजिये।।यज्ञ से लेकर के शिक्षा,सर्वहितैषी हम...
ऋषिवर देव दयानन्द की पद्धति हमें सिखलानी है। ऋषिवर देव दयानन्द कीपद्धति हमें सिखलानी है।पंच महायज्ञों की महिमाघर-घर में पहुँचानी है।पंच...
यज्ञ जीवन का हमारे,श्रेष्ठ सुन्दर कर्म है। यज्ञ जीवन का हमारे,श्रेष्ठ सुन्दर कर्म है।यज्ञ का करना कराना,आर्यों का धर्म है।।1।। यज्ञ से...
ईश्वर जो करता है अच्छा ही करता है। ईश्वर जो करता है अच्छा ही करता है।मानव तू परिवर्तन से काहे को...
शुभ कर्म ना कमाया, प्रभु नाम भी न गाया। शुभ कर्म ना कमाया,प्रभु नाम भी न गाया।कुछ तो समझ ले प्राणी,दुनियां...
कर्मों की जंजीर न तोड़ी, प्यार प्रभु का तोड़ दिया। कर्मों की जंजीर न तोड़ी,प्यार प्रभु का तोड़ दिया।मोहमाया में अंधा...
प्राणों का क्या भरोसा, वे आयें या न आयें। प्राणों का क्या भरोसा,वे आयें या न आयें।फिर क्यों जगत् के कर्ताजगदीश...
श्वासों का क्या भरोसा, रुक जाये कहाँ पर। श्वासों का क्या भरोसा,रुक जाये कहाँ पर।कर जाओ काम ऐसा,हो शान इस जहाँ...
सच्चाई छुप नहीं सकती, बनावट के असूलों से। सच्चाई छुप नहीं सकती,बनावट के असूलों से।कि खुशबू आ नहीं सकती,कभी कागज के...
जो आया है यहाँ उसको जाना पड़ेगा। जो आया है यहाँ उसको जाना पड़ेगा।जो बोया है उसको तो पाना पड़ेगा।। अगर तू...
जैसा तुम कर्म कमाओगे, वैसा ही फल तुम पाओगे। जैसा तुम कर्म कमाओगे,वैसा ही फल तुम पाओगे।सुख दोगे तो सुख पाओगे,दुःख...
जन्म-जन्म के चक्कर खाकर, हीरा जीवन मिलता है। जन्म-जन्म के चक्कर खाकर,हीरा जीवन मिलता है।शुभ कर्मों के फल स्वरूप,यह फूल चमन...
जब तक जग में शुभ कर्मों का, संचित सामान नहीं होगा जब तक जग में शुभ कर्मों का,संचित सामान नहीं होगातब...
दुनियाँ वालों पढ़ कर देखो, दुनियाँ खुली किताब है दुनियाँ वालों पढ़ कर देखो,दुनियाँ खुली किताब हैहर प्राणी के हर सवाल...
जन्म से नहीं मनुष्य कर्म से महान है। जन्म से नहीं मनुष्य कर्म से महान है।अन्यथा तो पशु-पक्षियों के समान है।जन्म...
आया है जहाँ में, शुभ कर्म कमा के जा आया है जहाँ में,शुभ कर्म कमा के जा,देख निराली दुनियाँ,मत जीवन व्यर्थ...
आप सौ साल जीने की इच्छा करो। आप सौ साल जीने की इच्छा करो।पर सदा नेक शुभ कर्म करते हुए।पाप में...
कहीं पर जीत होती है, कहीं पर हार होती है। कहीं पर जीत होती है,कहीं पर हार होती है।यही है जिन्दगी...
कर्म बंधन छुड़ाने से, छुड़ाये जा नहीं सकते कर्म बंधन छुड़ाने से,छुड़ाये जा नहीं सकतेयह वो अक्षर हैं जो अक्षर,मिटाये नहीं...
मेरे दाता के दरबार में, सब लोगों का खाता। मेरे दाता के दरबार में,सब लोगों का खाता।जो कोई जैसी करनी करता,वैसा...
इक झोली में फूल पड़े हैं, इक झोली में काँटे रे कर्म इक झोली में फूल पड़े हैं,इक झोली में काँटे रे,रे...
महर्षि दयानन्द सरस्वती जी की 200वीं जयन्ती व आर्य समाज की स्थापना के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में...
150वें वर्ष एवं लोहड़ी व मकर सक्रान्ति पर्व के उपलक्ष्य में संगीतमय अमृत वर्षा आर्य समाज मार्ग, पॉकेट सी-7, सैक्टर-7, रोहिणी,...
यज्ञ-चिकित्सा महोत्सव (पर्यावरण-शुद्धि व रोगनिवारण हेतु विशाल यज्ञ-कुण्ड में आहुति एवं यज्ञ-चिकित्सा प्रशिक्षण) दिनांक :- 13-02-2025 से 16-02-2025 (गुरुवार से रविवार) महानुभाव सादर...
ऐसी कमाई कर लो, कि जो संग जा सके। ऐसी कमाई कर लो,कि जो संग जा सके।मुश्किल पड़े तो राह में,कुछ...
यदि वैदिक धर्म का देश में, प्रचार हो जाये यदि वैदिक धर्म का देश में,प्रचार हो जाये,मिटे दुःख दर्द सारा,फिर सुखी...
आर्यावर्त के वीर सपूतों, आगे कदम बढ़ाओ तुम। आर्यावर्त के वीर सपूतों,आगे कदम बढ़ाओ तुम।करो वेद प्रचार जगत् में,वैदिक धर्म निभाओ...
भगवान आर्यों को पहली लगन लगा दे। भगवान आर्यों को पहली लगन लगा दे।वैदिक धर्म के खातिर मिटना इन्हें सिखा दे।फिर...
वैदिक धर्म का घर-घर में, जब तक प्रचार नहीं होगा, वैदिक धर्म का घर-घर में,जब तक प्रचार नहीं होगा,दुनियां वालों दुनियां...
वेद ही जग में हमारा, ज्योति जीवन-सार है। वेद ही जग में हमारा,ज्योति जीवन-सार है।वेद ही सर्वस्व प्यारा,पूज्य प्राणाधार है।। टेक।। सत्य...
मधुर वेद वीणा बजाये चला जा। मधुर वेद वीणा बजाये चला जा।जो सोते हैं उनको जगाए चला जा।निराकार प्रभु है सभी...
वेद पढ़ों व पढ़ाया करो वेद पढ़ों व पढ़ाया करो,वेद सुनो और सुनाया करो।तन मन से चहुँ ओर सदा,वेद का डंका...
जीवन सफल बनाना है तो, वेद पढ़ो और वेद पढ़ाओ। जीवन सफल बनाना है तो,वेद पढ़ो और वेद पढ़ाओ।नर तन का...
वेद को पढ़ना पढ़ाना चाहिए। वेद को पढ़ना पढ़ाना चाहिए।वेद का सुनना सुनाना चाहिए। वेद के अनुकूल ही हे आर्यों।आचरण अपना बनाना...
बिना वेद विद्या न कल्याण होगा बिना वेद विद्या न कल्याण होगा,न सुख शान्ति होगी न उत्थान होगा। (1) नहीं प्राप्त होगी...
ज्ञान का सागर चार वेद, यह वाणी है भगवान की। ज्ञान का सागर चार वेदयह वाणी है भगवान की।इसी से मिलती...
दुनिया की हर वस्तु भगवन्, तेरी याद दिलाती है। दुनिया की हर वस्तु भगवन्,तेरी याद दिलाती है।पत्ता-पत्ता, डाली-डाली,तेरे ही गुण गाती...
विश्वपति जगदीश तुम,तेरा ही ओम् नाम है, विश्वपति जगदीश तुम,तेरा ही ओम् नाम है,मस्तक झुका के प्रेम से,ईश्वर तुम्हें प्रणाम है। सृष्टि...
कैसा सुन्दर जगत रचाया है तूने भगवान। कैसा सुन्दर जगत रचाया है तूने भगवान।करते हैं तेरा गुणगान, करते हैं तेरा गुणगान...
कर दी जगत की रचना, बिना हस्त बिना भाल कर दी जगत की रचना,बिना हस्त बिना भाल,हे सृष्टि के रचयिता,तूने कर...
दुनियाँ बनाने वाले,कैसी तेरी माया है। दुनियाँ बनाने वाले,कैसी तेरी माया है।कहीं बरसात, कहीं धूप,कहीं छाया है।कहीं बरसात, कहीं धूप……।।1।। पर्वतों की...
ईश्वर बिना विचारिये, सृष्टि रचाये कौन ? ईश्वर बिना विचारिये, सृष्टि रचाये कौन ?नियमों में प्राणीमात्र को, क्रम से चलाये कौन...
सत्ता तुम्हारी भगवन् जग में समा रही है। सत्ता तुम्हारी भगवन् जग में समा रही है।तेरी दया सुगन्धि हर गुल से...
गति जीव आत्मा की कोई समझाये गति जीव आत्मा की कोई समझाये,कहाँ से ये आये और कहाँ लौट जाये। कभी इस का...
करो मन ओ३म् का सिमरन,अगर मुक्ति को पाना है। करो मन ओ३म् का सिमरन,अगर मुक्ति को पाना है।अरे बाबा ये वो...
सुबह-शाम भजन कर ले सुबह-शाम भजन कर ले,मुक्ति का यतन कर ले।छूट जायेगा जन्म-मरण,प्रभु का सुमिरन कर ले।। यह मानव का चोला,हर...
धर्म को छोड़ मत भाई,तुझे मुक्ति को पाना है। धर्म को छोड़ मत भाई,तुझे मुक्ति को पाना है।दो दिन की जिन्दगी...
प्रातःकाल संध्या वन्दन, परमेश्वर का ध्यान करो। प्रातःकाल संध्या वन्दन,परमेश्वर का ध्यान करो।जिस मालिक ने जन्म दिया है,उसका सब गुणगान करो। उस...
भीतर है सखा तेरा, जरा मन टिका के देख। भीतर है सखा तेरा,जरा मन टिका के देख।अन्तःकरण में ज्ञान की,ज्योति जगा...
साधक बन कर करो साधना, अमृत का भण्डार मिलेगा। साधक बन कर करो साधना,अमृत का भण्डार मिलेगा।मानव जीवन सफल बनेगा,परमेश्वर का...
क्या कहूँ क्या-क्या मिला क्या कहूँ क्या-क्या मिला,मुझको प्रभु के ध्यान में।एक अलौकिक-सुख मिला,जब मन लगा भगवान में।जब भी उसके गीत...
क्या कहें क्या भक्त पाता है, प्रभु के ध्यान में। क्या कहें क्या भक्त पाता है,प्रभु के ध्यान में।कुछ अलौकिक रस...
कर ध्यान उस ईश्वर का, जिसने है किया उत्पन्न तुमको। कर ध्यान उस ईश्वर का,जिसने है किया उत्पन्न तुमको।धन्यवाद करो परमेश्वर...
हे प्रभु वर दीजिये,धारण करें सन्तोष हम हे प्रभु वर दीजिये,धारण करें सन्तोष हम,दूसरों के गुण निहारें,और अपने दोष हम। सत्य शुद्धाचार,सद्व्यवहार...
इस बार भजन कर ले, मुक्ति का यतन कर ले। इस बार भजन कर ले,मुक्ति का यतन कर ले।छुट जाएँगे जन्म-मरण,प्रभु...
आओ मिल के विचार करें आओ मिल के विचार करें।पहले हम आप सुधरें,फिर औरों का सुधार करें,बचें पाप की कमाई से,सदा...
बिन आत्मज्ञान के दुनियाँ में, इंसान भटकते देखे हैं। बिन आत्मज्ञान के दुनियाँ में,इंसान भटकते देखे हैं।आम बशर की बात ही...
आर्य वीर दल उत्तर प्रदेश द्वारा संचालित सत्यार्थ प्रकाश के 150वें वर्ष के उपलक्ष्य में अमर याज्ञिक महाशय धर्मपाल स्मृति 26...
ना चाँदी, ना सोना, ना रतन चाहिए ना चाँदी, ना सोना, ना रतन चाहिएना कांटे, ना कलियाँ, ना चमन चाहिएमुझे और...
गाए जा गाए जा, भगवान की महिमा गाए जा। गाए जा गाए जा,भगवान की महिमा गाए जा।सुबह शाम इस मन मन्दिर...
कुछ सोच समझ प्राणी एक दिन दुनिया से है जाना… कुछ सोच समझ प्राणी एक दिन दुनिया से है जाना…..कुछ सोच...
यह जीवन तुम्हारा तुम्हारे ही अर्पण। यह जीवन तुम्हारा तुम्हारे ही अर्पण।इसे अपने चरणों के काबिल बना दो।। हो करुणा के सागर...
प्रभु निराकार है, महिमा अपरम्पार है प्रभु निराकार है, महिमा अपरम्पार है,शरण में जो आयेगा, उसका बेड़ा पार है। सूरज चाँद बनाया...
तेरे दर को छोड़ कर किस दर जाऊं मैं? तेरे दर को छोड़ कर किस दर जाऊं मैं?सुनता मेरी कौन है,...
सोचो उस प्रभु सर्वव्यापी का,अवतार भला कैसे होगा। सोचो उस प्रभु सर्वव्यापी का,अवतार भला कैसे होगा।जिसका कोई आकार नहीं,साकार भला कैसे...
सुख चाहे तो बुराइयों के जाना बन्दे! नजदीक नहीं, सुख चाहे तो बुराइयों के जाना बन्दे !नजदीक नहीं,बचकर रहना इस दुनिया...
प्रभु दर्शन करने आये थे, प्रभु दर्शन पाना भूल गए। प्रभु दर्शन करने आये थे,प्रभु दर्शन पाना भूल गए।जिस पथ पर...
चराचर जगत का स्वामी, जगत का पिता एक है। चराचर जगत का स्वामी,जगत का पिता एक है।सबके शुभ-अशुभ कर्मों का,जिसे पूरा...
सुख के अभिलाषी प्राणी को, भगवान् भुलाना ठीक नहीं। सुख के अभिलाषी प्राणी को,भगवान् भुलाना ठीक नहीं।सीधे पथ जाने वाले को,उलटे...
मानव सोचो जग के सुख का मानव सोचो जग के सुख का,विस्तार रहेगा कितने दिन ?सत्कार रहेगा कितने दिन,यह प्यार रहेगा...
जिन्दगी में तूने कभी किया ना विचार। जिन्दगी में तूने कभी किया ना विचार।छोड़ के चलेगा एक दिन संसार।। टेक ।। कहाँ...
जगत् साकार बनाया है निराकर प्रभु। जगत् साकार बनाया है निराकर प्रभु।क्या अजब खेल रचाया है निराकार प्रभु ।।1।। लेता अवतार है...
निर्धनता से बड़ा कोई, इस दुनिया में अभिशाप नहीं। निर्धनता से बड़ा कोईइस दुनिया में अभिशाप नहीं।सत्य बराबर पुण्य नहींऔर झूठ...
जग में जन्म लिया है बन्दे जग में जन्म लिया है बन्दे,जग के संग मिलता जा।श्रेय, प्रेय दो मार्ग हैं,तू चाहे...
जो भी बुरा-भला है, ईश्वर ही जानता है। जो भी बुरा-भला है,ईश्वर ही जानता है।सृष्टि में क्या छिपा है,ईश्वर ही जानता...
छुक-छुक, छुक छुक रेल चली है जीवन की। छुक-छुक, छुक छुक रेल चली है जीवन की।हंसना, रोना, जागना, सोना, खोना, पाना,...
किसी से न कीजे बुराई किसी की। किसी से न कीजे बुराई किसी की।यदि बन न पाए भलाई किसी की।। करो सत्य...
हिम्मत न हारिए, प्रभु न बिसारिये हिम्मत न हारिए, प्रभु न बिसारिये,हंसते मुस्कराते हुए, जिन्दगी गुजारिये।हंसते मुस्कराते हुए, जीना जिसको आ...
कर कुछ नेकी, पास प्रभु के जाने के लिए। कर कुछ नेकी,पास प्रभु के जाने के लिए।आया नहीं तू खाने,और मर...
कण-कण में बसा प्रभु देख रहा कण-कण में बसा प्रभु देख रहा,चाहे पुण्य करो चाहे पाप करो।कण-कण में बसा प्रभु देख...