हम करेगें देश सुधार
हम करेगें देश सुधार-२
हैं चेले ऋषि दयानन्द के हम
लेखराम से बलिदानी,
हम श्रद्धानन्द से सेनानी।
हम देगें तन-मन वार हम
चेले ऋषि दयानन्द के….।।१।।
हम ओ३म् का झण्डा हाथ लिए,
और सत्यार्थ प्रकाश लिए।
करें पाखण्डों पर वार हम
चेले ऋषि दयानन्द के….।।२।।
वेदों का नाद बजाएंगे,
गायेंगे क्रान्ति के गान
दुनियाँ को आर्य बनायेगें।
हम चेले ऋषि दयानन्द के…।।३।।
हम बिल्कुल ना घबरायेगें,
चट्टानों से टक्रायेंगे।
देगें तन-मन-वार हम चेले
ऋषि दयानन्द के….।।४।।
हम आर्य वीर सब मिलजुलकर,
बलवान आर्य सब बनकर।
करें वेद धर्म प्रचार हम चेले
ऋषि दयानन्द के….।।५।।










