मधुर वेद वाणी
या ते जिह्वा मधुमती सुमेधा अग्ने देवेषूच्यत उरूची |तयेह विश्वाँ अवसे यजत्राना सादय पापया चा मधूनि || ऋग्वेद 3|57|5 शब्दार्थ […]
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या ते जिह्वा मधुमती सुमेधा अग्ने देवेषूच्यत उरूची |तयेह विश्वाँ अवसे यजत्राना सादय पापया चा मधूनि || ऋग्वेद 3|57|5 शब्दार्थ […]
“राम कृष्ण को ऐतिहासिक महापुरुष समझकर उनका जीवन चरित्र पढ़ो और उनके आचरणों का अनुसरण करें। वेद के इस मन्त्र
यह घटना सन् 1947 में भारत के विभाजन से पूर्व की है। आर्यसमाज के विद्वान एवं शास्त्रार्थ महारथी पं. लोकनाथ
#डॉ_विवेक_ वेदों में शिव ईश्वर का एक नाम है जिसका अर्थ कल्याणकारी है एवं एक नाम रूद्र है जिसका अर्थ
लेखक- स्वामी वेदानन्द सरस्वती इस शंका का समाधान हमें वेदों में ही मिलता है। इसको पढ़िये और मनन कीजिये। ओ३म्
स्त्रोत :- आर्य समाज हरियाणा का इतिहास लेखक :- डॉ. रणजीत सिंह आर्य समाज के क्षितिज पर स्वामी स्वतंत्रतानन्द का
लेखक :- स्वामी ओमानन्द सरस्वती हरियाणा संवाद :- 10मई 1975महर्षि दयानन्द जी ने संसार का उपकार करने के लिए बम्बई
एक ईसाई बंधु ने आर्य विचारों पर यह आक्षेप किया है कि ईश्वर जब कर्मों का फल देता है तो
भारतीय दर्शन और महर्षि दयानन्द का दृष्टिकोणलेखक– आचार्य श्री उदयवीर जी शास्त्रीभारतीय दर्शन साधारण रूप से दो भागों में विभक्त
आदर्श शासक महाराजा रणजीत सिंह(आज 27 जून को महाराजा रणजीत सिंह का देहावसान हुआ था।)वे साँवले रंग का नाटे कद
1.) चाहते तो किसी भी बड़े मन्दिर के मठाधीश बनकर अन्य पंडितो की तरह आराम से बैठे बैठे खाते पीते मौज उड़ाते लेकिन ऐसा न करके अपना पूरा जीवन समाज और सनातन धर्म के लिए दान कर दिया। एकलव्य ने सिर्फ अंगूठा दिया था गुरुदक्षिणा में लेकिन दयानंद ने तो पूरा जीवन दे दिया गुरु दक्षिणा में ।
बुद्ध और ब्राह्मण आज बुध पूर्णिमा है। लोग इसे बुद्ध-पूर्णिमा बतला रहे हैं और गौतम बुद्ध जिनका जन्म लुम्बिनी में हुआ था, कुशीनगर में निर्वाण हुआ था उनके जन्म-ज्ञान-निर्वाण के साथ इस दिन को जोड़ कर मना रहे हैं, एक दूसरे को शुभकामनाएं भी दे रहे हैं । शुभकामनाएं देकर परोक्ष में बौद्ध-मत को पोषित कर रहे हैं जिसका कभी आदि-शंकराचार्य जी ने विरोध-खण्डन किया था। सच्चाई यह है
शहीद भगत सिंह क्यों आदर्श है? ‘मैं नास्तिक क्यों हूँ? शहीद भगतसिंह की यह छोटी सी पुस्तक वामपंथी, साम्यवादी लाबी
विद्वान् पिता एक गाँव में एक बुद्धिमान व्यक्ति रहता था। उसके पास 19 ऊंट थे। एक दिन उसकी मृत्यु हो