आदर्श जीवन निर्माण की ओर अग्रसर — आर्ष गुरुकुल महाविद्यालय, आबू पर्वत का अनुशासित शिविर

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आबू पर्वत, 28 अप्रैल 2025आर्ष गुरुकुल महाविद्यालय, आबू पर्वत में चल रहे विशेष शिविर में विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास हेतु एक सुव्यवस्थित और अनुशासित दिनचर्या का पालन किया जा रहा है। शिविर का उद्देश्य शारीरिक, मानसिक, बौद्धिक और आत्मिक उन्नति करते हुए युवाओं को आदर्श जीवन की ओर अग्रसर करना है।

शिविर की प्रतिदिन की दिनचर्या इस प्रकार निर्धारित की गई है:

  • प्रातः 4:45 बजे — जागरण (उत्थापन)
  • 5:30 से 6:30 बजे — व्यायाम (ध्यान, योगासन, सूर्य नमस्कार आदि)
  • 6:30 से 7:15 बजे — स्नान आदि हेतु समय
  • 7:15 से 8:15 बजे — हवन (यज्ञ)
  • 8:15 से 9:00 बजे — प्रातःकालीन आहार (प्रातराश)
  • 9:00 से 10:30 बजे — प्रथम सत्र (शिक्षण)
  • 10:45 से 12:15 बजे — द्वितीय सत्र (संस्कृत संभाषण सत्र)
  • 12:30 से 1:00 बजे — मध्याह्न भोजन
  • 1:00 से 2:00 बजे — मध्याह्न विश्राम
  • 2:00 से 4:00 बजे — तृतीय सत्र (विशेष विषयों का शिक्षण)
  • 4:00 से 4:30 बजे — जलपान
  • 4:30 से 6:30 बजे — सायंकालीन योग और आत्मरक्षा प्रशिक्षण (जूडो-कराटे, लाठी, भाला, तलवार आदि)
  • 6:30 से 7:15 बजे — सायंकालीन हवन
  • 7:15 से 8:00 बजे — रात्रि भोजन
  • 8:00 से 9:15 बजे — युवा प्रेरणा (बौद्धिक एवं मोटिवेशन सत्र)
  • 9:15 बजे — मंत्र पाठ के पश्चात शयन

इस शिविर के दौरान प्रतिभागियों को सार्वदेशिक आर्यवीर दल के पाठ्यक्रम का भी गहन अभ्यास कराया जा रहा है, जिससे वे संस्कारवान, शक्तिशाली और जागरूक नागरिक बन सकें।

आर्ष गुरुकुल महाविद्यालय का यह प्रयास निश्चित रूप से युवाओं के चरित्र निर्माण और सांस्कृतिक जागरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल सिद्ध हो रहा है।

आबू पर्वत, 2 मई 2025: युवाओं के उज्जवल भविष्य और मानसिक विकास के लिए आबू पर्वत पर एक विशेष तीन दिवसीय शिविर का आयोजन होने जा रहा है। 2 मई से 4 मई 2025 तक (शुक्रवार, शनिवार और रविवार), यह शिविर युवाओं को धर्म, दर्शन और विज्ञान के गहरे आयामों से परिचित कराएगा।

शिबिर की प्रमुख विशेषताएँ:

🔹 युवाओं के मन में उठने वाले धर्म और दर्शन संबंधी प्रश्नों का समाधान।
🔹 आस्तिकता बनाम नास्तिकता पर सार्थक चर्चा।
🔹 वेद और आधुनिक विज्ञान के बीच के गहरे संबंध को उजागर करना।
🔹 यज्ञ की वैज्ञानिकता को समझाना।
🔹 सनातन धर्म की परंपराओं का संक्षिप्त व वैज्ञानिक परिचय।

सबसे खास बात यह है कि युवाओं के सवालों का समाधान, युवाओं की ही जुबानी प्रस्तुत किया जाएगा, जिससे संवाद और समझ दोनों सहज होंगे।

प्रमुख वक्ता:

🎤 स्वामी विदेहयोगी जी – वेदवक्ता एवं युवामार्गदर्शक
🎤 स्वामी ओमानंद सरस्वती – प्रधानाचार्य, आर्ष गुरुकुल, आबू पर्वत
🎤 कृतेश पटेल – चार्टर्ड अकाउंटेंट, ‘धर्मसम्राट’ यूट्यूब चैनल संचालक
🎤 मोहित गौड़ – शोधकर्ता, ‘विज्ञानदर्शन’ यूट्यूब चैनल
🎤 आर्यवीरा – ‘शक्तिसभा’ की संस्थापक और ‘आर्यवीरा’ यूट्यूब चैनल से जुड़ीं

रजिस्ट्रेशन की जानकारी:

📝 रजिस्ट्रेशन अनिवार्य है। इच्छुक प्रतिभागी यहाँ क्लिक कर फॉर्म भर सकते हैं।

📢 सीटें सीमित हैं – शीघ्रता करें!

संपर्क करें:

📞 9414589510

क्यों जुड़ें इस शिविर से?

🎯 अपने जिज्ञासु प्रश्नों को उत्तरों में बदलें
🎯 अपने धर्म, विचारधारा और भविष्य को बेहतर समझें