हमने जग की अजब तस्वीर देखी
हमने जग की अजब तस्वीर देखी,
एक हंसता है दस रोते हैं।
ये प्रभु की अद्भुत जागीर देखी,
एक हंसता है दस रोते हैं ।। टेक ।।
हमें हंसते मुखड़े चार मिले,
दुःखियारे चेहरे हजार मिले ।
हमने सुख से सौगुनी पीर देखी,
एक हंसता है दस रोते हैं ।।१।।
हमने जग..
वो एक सुखी यहां लाखों में,
आँसू है करोड़ों आँखों में ।
हमने गिन गिन कर तकदीर देखी,
एक हंसता है दस रोते हैं ।।२।।
हमने जग..
कुछ बोल प्रभु ये क्या माया,
तेरा खेल समझ में ना आया ।
हमने देख महल इक कुटीर देखी,
एक हंसता है दस रोते हैं ।।३।।
हमने जग..










