वैदिक भजन

दिल में बुरे विचार आप क्यों भर बैठे।

दिल में बुरे विचार आप क्यों भर बैठे।(धुन-ना ना करते प्यार तुम्ही) दिल में बुरे विचारआप क्यों भर बैठे।नैया है मझधार,बिना...
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शाम कुछ और है (तर्ज-जाने क्यों लोग मोहब्बत किया करते हैं) शाम कुछ और है,सुबह कुछ और हैं,बात आश्चर्य की,जाने वह...
प्रजा सोये खुले किवाड़ प्रजा सोये खुले किवाड़,किसी का होता नहीं बिगाड़।यहाँ प्रचार धर्म का हैं। टेक। शुद्ध सात्विक अन्न और फल,रोग...
मेरे देश की हालत डामां डोल मेरे देश की हालत डामां डोल,नीचे से ऊपर तक शासकप्रशासक सब ढके ढ़ोल। टेक। हैं राम...
रंग रैली मन रही हैं (धुन-चूड़ी मजा ना देगी) रंग रैली मन रही हैंघर को उजाड़ करके,दर्पण दिखा रहे हैंसूरत बिगाड़...
चुप हम से अब रहा न जाये चुप हम से अब रहा न जाये,कहते हुये लगे है डर भी।गैरों जैसा घर...
कैसी जड़े फाड़ कर रख दी कैसी जड़े फाड़ कर रख दीमेरे देश की हो भारत देश की बिना खिवैया भंवर मेंनैया...
पशु पक्षी अपने बच्चे अपने समान सही जानते हैं पशु पक्षी अपने बच्चे अपने समान सही जानते हैं,बिना बनाये मनुष्य के...
सारे जहां में धूम मचा गये ।। (धुन-झूम बराबर झूम) सारे जहां में धूम मचा गये ।।सारे जहां में धूम...
नहीं मै गाता हूं नहीं बहकाता हूँ। (धुन-खड़ी चौराहे पर) नहीं मै गाता हूं नहीं बहकाता हूँ।सोए शुभ संस्कार जगाता हूंबार-बार।।...
कहते रहे हम सुनते रहे तुम। (धुन-ये दिल और उनकी निगाहों के साये) कहते रहे हम सुनते रहे तुम।सुनने व कहने...
आर्य वीरो अवसर है आज सुनहरा अपने देश को (चल सन्यासी मन्दिर में) आर्य वीरो अवसर है आजसुनहरा अपने देश...