वैदिक भजन

इक दीया जलता हुआ लाखों जलाएगा।

इक दीया जलता हुआ लाखों जलाएगा। (तर्ज-या मेरी मन्जिल बता या ज़िन्दगी को छीन ले) इक दीया जलता हुआ लाखों जलाएगा।पर बुझे...
हीरा जीवन है अनमोल (तर्ज-तेरे पूजन को भगवान बना मन मन्दिर आलीशान) हीरा जीवन है अनमोल इसे यों मिट्टी में न...
दुनियाँ की हालत (तर्ज-मयखाना तो छूट गया दर छूटे न मयख़ाने का) क्या कहूँ दुनियाँ की हालत लग गई बीमारी है।उड़ चली...
पहले तोलो फिर बोलो (तर्ज - हाय न वस ओये न वस बदला अजे न वस ओये कालेया) पहले अपनी बात को...
सब खा गये मिर्च मसाला (तर्ज-ओम् का झण्डा आया) अजगर बन कर लाला। सब खा गये मिर्च मसाला।कर गड़बड़ घोटाला। सब खा...
हमारे देश की महिमा (तर्ज- हमें तो लूट लिया मिलके हुस्न वालों ने ) हमारे देश की महिमा बड़ी सुहानी है।सब से...
ज्ञान हमको दीजिये ज्ञानदाता ज्ञान हमको दीजियेज्ञान की बातें न ठुकरायें कभी।ज्ञानदाता ज्ञान हमको दीजिये……. १. हम सुने उपदेश को धारण करेंसुन...
हमको रस्ता दिखा दो प्यारे प्रभु । (तर्ज - मेरे मन के गोपाल जपो ओम् ओम् ओम्) हमको रस्ता दिखा दो प्यारे...
जपो ओम् नाम (तर्ज - चलो चलें माँ सपनों के गाओं में) जपो ओम् नाम प्राणों का प्राण है।दुःखों को दूर करे...
भक्तों का नमस्कार (तर्ज - मत्थे ते चमकन वाल मेरे बन्नड़े दे) भक्तों का होवे नमस्कार प्रभु तेरे चरणों में।झुकता है सारा...
वैदिक स्वरूप (तर्ज - ऐ रात के मुसाफ़िर चन्दा जरा बता दे…) ईश्वर को ढूँढने का वैदिक स्वरूप क्या है।अनजान है यह...
धर्म की महिमा अपार (तर्ज-वक्त के दिन और रात वक्त के कल और आज) धर्म की महिमा अपार। धर्म पर ठहरा संसार।धर्म...