वैदिक भजन

ये मेरे भवन ये तेरे भवन कब छोड़ चले

ये मेरे भवन ये तेरे भवन कब छोड़ चले स्वर :- ओ मेरे सनम ओ मेरे सनम ये मेरे भवन ये...
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अर्थीं उठाके यार ही श्मशान ले चले स्वरः - अपने किये पे कोई पशेमान हो गया अर्थीं उठाके यार ही श्मशान...
चेहरा जैसा भी लगाते जाइये।। चेहरा जैसा भी लगाते जाइये।।शर्त है कि मुस्कराते जाइये।।रोशनी तकलीफ दे गरअपनीआंखो को,ऐसे दीपकको बुझाते जाइये।।१।। है...
बहुत हुऐ नाकाम काटों से दामन बहुत हुऐ नाकामकाटों से दामनअपना फंसाके,ख्वाबों की दुनियांका ऐसा नगर है,जिसकी ना मंजिलकोई अंधी डगर...
शान्ति कीजिये प्रभू मेरे मन में। ओं द्यौ: शान्तिरन्तरिक्षं शान्तिः पृथिवी शान्तिरापःशान्तिरोषधयः शान्तिः ।वनस्पतयः शान्तिर्विश्वे देवाःशान्तिर्ब्रह्मशान्तिः सर्वशान्तिः शान्तिरेव शान्तिः सामा...
प्रसन्न है जो प्रसन्न रहें रूठे जो रूठे रहने दो । प्रसन्न है जो प्रसन्न रहें रूठेजो रूठे रहने दो ।दिल...
पाप जुल्म का करना है पाप जुल्म का करना है,महा पाप जुल्म का सहना है।इसीलिये तो वीरों तुमसे,आज मुझे कुछ कहना...
लाखों जगाने वाले आये (धुन- मिलो न तुम तो दिल घबराये) लाखों जगाने वाले आयेफिर भी ना जग पाये।तुम्हें क्या हो...
ओ दुनिया वालो, यह देश हमारा (धुन-फिरकी वाली तू कल फिर) ओ दुनिया वालो, यह देश हमारा,कभी नहीं, हारा लड़ाई के...
मन की गति संवार रे मानव जीवन का उद्धार कर पर द्रव्येष्वभिध्यानम्, मनसानिष्ठाचिन्तनम् ।वितथाभिनिवेशश्च त्रिविधम् कर्म मानसन् ।। मन की गति संवार...
सुख की वर्षा हो भगवन इस परिवार में। (यज्ञ के पश्चात याज्ञिक परिवार को धन्यवाद) सुख की वर्षा हो भगवन इस...
यदि आप चाहो घर में स्वर्ग झलकी यदि आप चाहो घर में स्वर्ग झलकी,आज व्रत धारो छोड़ो बात कलक। टेक।,पुत्र पिता...