आर्य समाज भजन
ओ३म् है ईश्वर हमारा
ओ३म् है ईश्वर हमाराओ३म् है जगदाधारओ३म् है निर्लेप नियन्ताओ३म् है करतारभजो मन, अविनाशी ओम्कारभजो उर, ओ३म् ही...
आलोकित पथ करो हमारा
आलोकित पथ करो हमारा,हे जग के अन्तर्यामी !शुभ्र प्रकाश दोस्वच्छ दृष्टि दोजड़-चेतन सबके स्वामी !आलोकित पथ करो...
आत्म ज्ञान का दाता और शरीर आत्मा का
आत्म ज्ञान का दाताऔर शरीर आत्मा कातू ही है स्वामीसब विद्वान् तेरी उपासना...
चंचल मन मेरे ओ३म् जपा कर
चंचल मन मेरे ओ३म् जपा करओ३म् जपा कर ओ३म्पल-पल छिन-छिनघडी-घडी निशदिनओ३म् जपा कर ओ३म्चन्चल मन...
सुख के अभिलाषी प्राणी को भगवान् भुलाना ठीक नहीं
सुख के अभिलाषी प्राणी कोभगवान् भुलाना ठीक नहींसीधे पथ जाने वाले कोउल्टे...
पृथ्वी माता है मेरी यह मेरी तो नाभि है
पृथ्वी माता है मेरीयह मेरी तो नाभि हैनाभि के समान ही हमशिशुओं...
कर्मों के फल से तो बन्दे तू ना बच पायेगा
कर्मों के फल से तोबन्दे तू ना बच पायेगातू जहाँ भी...
जिस जगह जाता हूँ मैं
जिस जगह जाता हूँ मैं,तुझे को वहाँ पाता नहींकिस तरह पूजा करूँ,कुछ समझ आता नहीं
जिस जगह...
SHRAVANI PARV 2025: A Divine Call to Vaidic Tradition
Organized by: ARYA SAMAJ, INDIRANAGAR, BENGALURU
Arya Samaj, Indiranagar, Bengaluru, cordially invites you...
वचन मेरा स्वीकार करो इकरार
वचन मेरा स्वीकार करो इकरार,ओ प्रीतम प्यारा, पकडूं तब हाथ तुम्हारा।।टेक।।
यदि साथी मुझे बनाओगे,जीवन भर साथ...
बहनो गाओ हे मंगलाचार
बहनो गाओ हे मंगलाचार,ससुर के द्वार,चला है हमारा ब्रह्मचारी।।टेक ।।
पच्चीस वर्ष तपस्वी रहकर,वेद वेदांग पढ़े दुःख सहकर,ब्रह्मचारी...
दो सखी लगी आपस में कहन
दो सखी लगी आपस में कहन,आज देश हमारे की बहन,यह दूर बुराई कौन करे।।टेक ।।
रिश्वत...











