आर्य समाज भजन
गुरुदेव प्रतिज्ञा है मेरी पूरी करके दिखला दूँगा ।
तर्ज-है प्रीत जहां की रीत सदा
गुरुदेव प्रतिज्ञा है मेरीपूरी करके दिखलादूँगा ।इस...
दया व आनन्द का भण्डार दयानन्द थे।
दया व आनन्द का भण्डार दयानन्द थे।दिव्य शक्तियों का चमत्कार दयानन्द थे।
अग्नि के समान...
एक तरफ था देव दयानन्द
तर्ज - एक ताल पर तोता बोले
एक तरफ था देव दयानन्द ,एक तरफ जग सारा ।लाखों...
गोलियां सीने पे खाके चल दिये ।
तर्ज - दिल के अरमाँ
गोलियां सीने पे खाके चल दिये ।प्यास कातिल की बुझाके...
मधुर वेद वीणा बजाते चलेंगे ।।
मधुर वेद वीणा बजाते चलेंगे ।।सोते हुओं को जगाते चलेंगे ।रोते हुओं को हंसाते चलेंगे...
आ लौट के आजा दयानन्द
आ लौट के आजा दयानन्द,तुझे हम आज बुलाते हैतेरा महका हुआ है गुलशन,तुझे हम आज बुलाते...
एक जंगल में नई बस्ती बसा दी तूने ।
एक जंगल में नई बस्ती बसा दी तूने ।वक्ते पत्थर पे सफल...
योगी आया था वेदों वाले किया उजियाला।
योगी आया था वेदों वाले किया उजियाला।दुनिया में सच्चे ज्ञान का,वो तो देवता था...
दुनियां वालो देव दयानन्द
तर्ज - कसमें वादे प्यार वफा सब
दुनियां वालो देव दयानन्द दीप जलाने आया था ।भूल चुके थे...
समय बड़ा बलवान् रे !!
समय बड़ा बलवान् रे !!समय बड़ा बलवान्
जीवन धन्य उसी का है जोसमय को ले पहचान रे...
शक्तिशाली हो प्रभु तुम !
शक्तिशाली हो प्रभु तुम !हो पवित-पवमान सदाकर दिया गतिमान जगत् कोविश्वव्यापी तेरी प्रभा !शक्तिशाली हो प्रभु...
व्यर्थ ही जन्म ना तुझे खोना चाहिए
व्यर्थ ही जन्म ना तुझे खोना चाहिएदूर विषयों से तुझे होना चाहिए
प्रातः उठ प्रभु-भजन...











