जो हरता हर रोग ऋषि ने सभी विटामिन भरी
जो हरता हर रोग ऋषि ने सभी
विटामिन भरी दवाइयां सब हैं खरी,
बीमारी दूर सब करी ।।
सब सत्य विद्याओं का है
आदि मूल परमेश्वर ।
अंधकार की प्रबल
व्याधिशामक यह पहला नंबर ।।
दूजा नंबर ईश दयालु,
निराकार सर्वेश कृपालु ।
निर्विकार सर्वान्तर्यामी,
उपास्य सर्वोपरि।।
तीसरा नंबर वेद का पढ़ना
सुनना और सुनाना।
सब सत्य विद्याओं का है
वेद में भरा खजाना।।
चौथा नंबर करे इशारा,
रहे सदा भूमंडल सारा।
सत्य ग्रहण करने असत्य
को तजने में तत्पर ।।
पांचवा नंबर कर्म से
पहले सत्यासत्य विचारें।
छटा करें उपकार विश्व का
उन्नति पथ विस्तारें ।।
नंबर सात करे जो दंगा
उसे प्रेम से कर दो चंगा।
यथा योग्य सबसे मिलियेगा
पकड़ धर्म की धुरी।।
आठवां नंबर इस नुस्खे
का स्वाद जरा कुछ तीखा ।
विद्या की हम वृद्धि करें
सर पाखंडो का नीचा ।।
नवां करें उन्नति जन-जन की,
यही भावना होवे मन की।
दसवां नियमबद्ध हो मानव
नियम जो सर्व हितकारी।।










