तू कर बन्दगी और,भजन धीरे-धीरे।
तू कर बन्दगी और,
भजन धीरे-धीरे।
मिलेगी प्रभु की
शरण धीरे-धीरे ।। टेक।। तू कर..
दमन इन्द्रियों का,
तू करता चला जा फिर
काबू में आएगा,
मन धीरे-धीरे ।। तू कर…
सुने कान तेरे,
सदा वेद वाणी।
तू कर वेद वाणी का,
मनन धीरे-धीरे।। तू कर….
सफर अपना आसान,
करता चला जा।
छूटेगा यह आवागमन,
धीरे-धीरे ।। तू कर..
तू दुनियां में शुभ काम,
करता चला जा।
तू कर शुद्ध अपना,
चलन धीरे-धीरे ।। तू कर…..










