विश्वशान्ति के साधक हैं हम, विश्वशान्ति है ध्येय हमारा

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विश्वशान्ति के साधक हैं हम, विश्वशान्ति है ध्येय हमारा
युद्ध विहीन हो विश्व का सपना, सदा बहे प्रेम की धारा !!

तीन बार लड़ चुके लड़ाई, सोचो कितना महँगा सौदा ?
वीर, शत्रु धनमाल गँवाए, एक नहीं दोनों ने भोगा,
पाक के रहे नापाक इरादे द्वेष ने उसको सदा ही मारा ॥ विश्व शान्ति…

चाँद प्राप्त करना शिशु चाहे, ये तो उसकी नादानी है
पाक भी चाहे काश्मीर, ये पागलपन की निशानी है,
लूट खसोट ही उसकी नीति, उसके छल ने उसे ही मारा ॥ विश्व शान्ति…

मौत की क्यों कर फसल उगाएँ जीवन के खलिहानों में
मानव धन निर्मूल्य नहीं है जो हो भेंट स्मशानों के,
भारतवर्ष है दूत शान्ति का सब देशों से भारत न्यारा ॥ विश्व शान्ति…

रूसी बम हों या अमरीकी, युद्ध तो एक बहाना है
क्या इतने संकुचित हृदय हैं खून में जिन्हें नहाना है
खून से लथपथ मानवता ने ए मानव है तुझे पुकारा ॥ विश्व शान्ति..

मिसाईलें हों या बमबारी सभी ओर मानवता हारी
जितनी जिसको बँटी है धरती,वही उसीकी है फुलवारी
साथ साथ मिल रहें पड़ोसी, बनें एक दूजे का सहारा ॥ विश्व शान्ति…

सुख शान्ति के नियम वेद में संयम रखें जो बुद्धिस्तर पे
सम विचार हों एक रहे मन, वैर द्वेष वैमनस्य भ्रम मिटें,
प्रेम के सूत्र में बँधे रहें हम, लक्ष्य प्राप्त हो हमें हमारा ॥ विश्व शान्ति..