Arya Samaj bhajan

दिल कहता हैं कुछ कहूँ

दिल कहता हैं कुछ कहूँ (धुन-दिल करता) दिल कहता हैं कुछ कहूँना कहूँ कुछ क्यों नाकहूँ चुप कैसे रहूँऋषियों के देश...
Read more
नहीं विचारा हाल पै अपने बैठकर कभी।(धुन-मिल गये नैना से नैना) नहीं विचारा हाल पैअपने बैठकर कभी।हम क्या थे, क्या हो...
अपने लिये जो औरों से चाहता है बर्ताव।(धुन-शोखियों में घोला जाये फूलों का) अपने लिये जो औरोंसे चाहता है बर्ताव।औरों के...
तू अगर खुदी को खो नहीं सकता। तू अगर खुदी कोखो नहीं सकता।जीवन में सफल होनहीं सकता।। टेक ।।दर्द जब तक...
दिल में बुरे विचार आप क्यों भर बैठे।(धुन-ना ना करते प्यार तुम्ही) दिल में बुरे विचारआप क्यों भर बैठे।नैया है मझधार,बिना...
शाम कुछ और है (तर्ज-जाने क्यों लोग मोहब्बत किया करते हैं) शाम कुछ और है,सुबह कुछ और हैं,बात आश्चर्य की,जाने वह...
प्रजा सोये खुले किवाड़ प्रजा सोये खुले किवाड़,किसी का होता नहीं बिगाड़।यहाँ प्रचार धर्म का हैं। टेक। शुद्ध सात्विक अन्न और फल,रोग...
मेरे देश की हालत डामां डोल मेरे देश की हालत डामां डोल,नीचे से ऊपर तक शासकप्रशासक सब ढके ढ़ोल। टेक। हैं राम...
रंग रैली मन रही हैं (धुन-चूड़ी मजा ना देगी) रंग रैली मन रही हैंघर को उजाड़ करके,दर्पण दिखा रहे हैंसूरत बिगाड़...
चुप हम से अब रहा न जाये चुप हम से अब रहा न जाये,कहते हुये लगे है डर भी।गैरों जैसा घर...
कैसी जड़े फाड़ कर रख दी कैसी जड़े फाड़ कर रख दीमेरे देश की हो भारत देश की बिना खिवैया भंवर मेंनैया...
पशु पक्षी अपने बच्चे अपने समान सही जानते हैं पशु पक्षी अपने बच्चे अपने समान सही जानते हैं,बिना बनाये मनुष्य के...