ओ३म् जपने से तर जायेगा
ओ३म् जपने से तर जायेगा ।
तेरा जीवन संवर जायेगा ।।
ओ३म्… ।।०।।
अन्तरा – सब कहेंगे कहानी तेरी ।
काम अच्छे जो कर जायेगा ।।
ओ३म् … ।।१।।
बड़ी मुश्किल से नर तन मिला ।
पार भव से उत्तर जायेगा ।।
ओ३म् जपने…।।२।।
अपनी झोली तो फैला जरा ।
देने वाला वो भर जायेगा ।।
ओ३म्… ।।३।।










