लाखों को शराब ने विगाड करके रख दिया
लाखों को शराब ने विगाड
करके रख दिया,
लहलहाते बाग को उजाड़
करके रख दिया।
दोस्ती का हाथ इससे
जिसने मिला लिया.
उसकी गहरी जडों को
उखाड़ करके रख दिया1
हाथियों की ताकत और
दिल शेर के समान ऐसे
पहलवानों को पछाड़
करके रख दिया।।2।।
जिनके इशारों पे नाचे था
ये कुल जहां उनकी जिन्दगी को
खिलवाड़ करके रख दिया।।३।।
शराब नहीं मासूमों का खून
यह प्रेमी बोतलों में किसी ने
लिकाड़ करके रख दिया।।4।।










