तेरे दर को छोड़कर किस दर जाऊं मैं।

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तेरे दर को छोड़कर,किस दर जाऊं मैं।

तेरे दर को छोड़कर,
किस दर जाऊं मैं।
सुनता मेरी कौन है,
किसे सुनाऊं मैं ।। टेका।
तेरे…….

जब से याद भुलाई तेरी
लाखों कष्ट उठाये हैं-२ क्या
जानूँ इस जीवन अन्दर,
कितने पाप कमाये हैं-२
हूँ शरमिंदा आपसे,
क्या बतलाऊं मैं ।।१।।
तेरे…….

मेरे पाप कर्म ही तुझ से,
प्रीति न करने देते हैं-२
कभी जो चाहूँ मिलूं आपसे,
रोक मुझे ये लेते हैं-२ कैसे
स्वामी आपके दर्शन पाऊं मैं ।।२।।
तेरे..

है तू नाथ वरों का दाता,
तुझसे सब वर पाते हैं-२
ऋषि मुनि और योगी सारे,
तेरे ही गुण गाते हैं-२
छींटा दे दो ज्ञान का,
होश में आऊं मैं ।।३।।
तेरे…

जो बीती सो बीती लेकिन,
बाकी उमर सम्भालू मैं-२
प्रेम पाश में बंधा आपके,
गीत प्रेम से गालूँ मैं-२
तेरे दर को छोड़ कर,
किस दर जाऊं मैं ।।४।।
तेरे..