Arya Samaj bhajan

मैं नहीं मेरा नहीं, यह तन किसी का है दिया।

कृतज्ञता मैं नहीं मेरा नहीं,यह तन किसी का है दिया।जो भी अपने पास है,यह धन किसी का है दिया। ।।1।। देने वाले...
कृतज्ञता तेरी रहमतों का सहारा ना होता,तो एक पल भी मेरा गुजारा न होता।तेरी रहमतों से मैं जिन्दा हूँ मालिक,तेरी बंदगी...
कृतज्ञता न यह तेरा न यह मेरा,मंदिर है भगवान का।पानी उसका भूमि उसकी,सब कुछ उसी महान का।।1।। हम सब खेल खिलौने उसके,खेल...
कृतज्ञता मुझे तूने मालिक बहुत कुछ दिया है।तेरा शुक्रिया है, तेरा शुक्रिया है।।मुझे तूने मालिक ……… ना मिलती अगर दी हुई दात...
सत्संग चल सत्संग में, रंग जा रंग में,हंस-हंस जीवन जी ले।अमृत बरसे, फिर क्यों तरसे,प्याले भर-भर पी ले।। सत्संग में कर दे...
सत्संग चल सत्संग में, रंग जा रंग में,हंस-हंस जीवन जी ले।अमृत बरसे, फिर क्यों तरसे,प्याले भर-भर पी ले।। सत्संग में कर दे...
सत्संग अब यहाँ सत्संग सजाया जाएगा।ऋषियों का सन्देश सुनाया जाएगा।मीठा-मीठा साज बजाया जाएगा।और मधुर संगीत सुनाया जाएगा।अब यहाँ सत्संग………..(1) मत करना यह...
सत्संग बहे सत्संग की गंगा,अरे मन चल नहा आएं।बुझी ज्योति जो जीवन की,उसे फिर से जगा आएं।। यही बेला है कर ले...
सत्संग सत्संग वाली नगरी चल रे मना,पी सज्ञान का जल रे मना,सत्संग वाली नगरी…. (1) इस नगरी में ज्ञान की गंगा,जो भी...
सत्संग सत्संग ही स्वर्ग का द्वार है।चारों वेदों का यही सार है।।सत्संग ही मानव को उठाता है,बुरी संगत से बचाता है।दूर...
सत्संग सन्तों की संगत में जो,नित नियम से जाएगा।भव सागर के कष्टों से,वह छुटकारा पाएगा।। ये मन निर्मल करे,और शुद्ध भाव भरते,दुर्गुण...
भक्ति तू कर बन्दगी और भजन धीरे-धीरे।मिलेगी प्रभु की शरण धीरे-धीरे।।तू कर बन्दगी और ……… ।।1।। दमन इन्द्रियों का तू करता चला...