सदा फूलता-फलता भगवन्, यह याजक परिवार रहे।

0
185

सदा फूलता-फलता भगवन्, यह याजक परिवार रहे।

सदा फूलता-फलता भगवन्,
यह याजक परिवार रहे।
वह प्यार जो किसी से
इनका सदा आप से प्यार रहे।।
मिथ्या कर अभिमान कभी न
जीवन का अपमान करें।

देवजनों की सेवा करके
वेदामृत का पान करें।।
प्रभु आप की आज्ञापालन
करता हर नर-नार रहे।।1।।

सदा फूलता-फलता भगवन्,
यह मिले सम्पदा जो भी इनको,
उसको मानें आप की।
घड़ी न आने पार्वे इन पर,
कोई भी संताप की।
यही कामना प्रभु आप से,
कर हम बारम्बार रहे।।2।।
सदा फूलता-फलता भगवन्, यह…….

दुनियादारी रहे चमकती
धर्म निभाने वाले हों।
सेवा के सांचे में सबने
जीवन अपने पाले हों।
बच्चा-बच्चा परिवार का बनकर,
श्रवण कुमार रहे।।3।।
सदा फूलता-फलता भगवन्, यह……

बने रहे संतोषी सारे,
जीवन के हर काल में।
हाल चाल हो कैसा इनका,
रहे मस्त हर हाल में।
ताकि ‘देश’ बसाया इनका,
सुखदायी संसार रहे।।411
सदा फूलता-फलता भगवन्, यह………