मुझे जब मेरा बचपन और जवानी याद आती है।।

0
20

मुझे जब मेरा बचपन और जवानी याद आती है।।

स्वर :- बेदर्दी बालमा तुझको

मुझे जब मेरा बचपन
और जवानी याद आती है।।
पिता का प्यार मां की
मेहरबानी याद आती है।।
सुकोमल फूल सा बचपन
ना चिन्ता थी ना कोई गम।।


छुपा लेती थी आंचल में
कही लग जाये ना शबनम।।
लोरीया परियों की मीठी
कहानी याद आती है।।१।।

सभी की नजरों में हम
आसमां के चांद तारे थे,
हमारी मुस्कराटों में
बहारों के नजारे थे,
मेरी खुशियों की वो घड़ियां
सुहानी याद आती है।। २।।

जवानी के नशे में हम ये
सीना तान कर चलते
पिता माता के कष्टो से
बन अन्जान से चलते
कमर झुकते ही सारी
बद गुमानी याद आती है।। ३।।

ख्यालो में ही बुनते थे
सदा संसार की बाते।
किया करते थे हम घंटो
यूंही बेकार की बाते।
बुढ़ापे में ही सब मेरी
नादानी याद आती है।।४।।

बुढ़ापा देखकर मेरा जवानी
मुझपे मुस्काये वहां से
भागकर आई यहां से
साथ में जाये बिदाई
पर सुरेन्द्र सबको नानी
याद आती है।।५।।