मन की आंखे खोल बाबा
मन की आंखे खोल बाबा,
मन की आंखें खोल।
यह दुनियां क्या है एक तमाशा,
चार दिनों की झूठी आशा।
पल में तोला पल में माशा।
ज्ञान तराजू हाथ में लेकर
तोल सके तो तोल, बाबा..
मतलब की है दुनिया दारी,
मतलब के हैं सब संसारी।
दुनियां में तेरा को हितकारी।
तन-मन का सब जोर लगा
कर नाम हरि का बोल।
बाबा मन की आंखें खोल ।
मां की मार में भी प्यार है।
संसार के प्यार में भी मार है।










