जोशीले व्याख्यान से भरा बदन में जोश
जोशीले व्याख्यान से भरा बदन में जोश,
धीरे-धीरे आ गया महामाया को होश।
वार्ता-महामया की मां
महामाया को समझाकर चली गई,
महामाया की सास बोली के बेटी तेरा पति
युद्ध भूमि से आया है भूख लगी होगी,
भोजन बनाकर खिला दे।
जब महामाया खुरचना कढ़ाई लेकर
यशवन्त के सामने से होकर जाने लगी,
तब आगा रोककर महामाया की
सास महाया से कहती है










