भक्ति
ईश्वर तुम्हीं दया करो, तुम बिन हमारा कौन है।
दुर्बलता दीनता हरो, तुम बिन हमारा कौन है।
माता तू ही पिता तू ही, बंधु तू ही सखा तू ही।
तू ही हमारा आसरा, तुम बिन हमारा कौन है। ।।1।।
ईश्वर तुम्हीं दया करो…………
जग को रचाने वाला तू, दुख को मिटाने वाला तू,
बिगड़ी बनाने वाला तू, तुम बिन हमारा कौन है। ।।2।।
ईश्वर तुम्हीं दया करो………
तेरी दया को छोड़कर, कुछ भी नहीं हमें खबर।
जायें तो जायें हम किधर, तुम बिन हमारा कौन है। ।।3।।
ईश्वर तुम्हीं दया करो ………
तेरी लगन तेरा मनन, भक्ति तेरी तेरा भजन,
तेरी ही आते हम शरण, तुम बिन हमारा कौन है।।4।।
ईश्वर तुम्हीं दया करो …….
पुत्र है हम सभी तेरे, तू है पिता परमात्मा।
श्रेष्ठ मार्ग पर चला, तुम बिन हमारा कौन है। ।।5।।
ईश्वर तुम्हीं दया करो …………










