आर्य समाज (त्रेण हटड़ी), टंकारा द्वारा आयोजित
अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस समारोह
(8 मार्च)
हम गाय को माता कहते हैं, हम धरती को माता कहते हैं, हम नदियों को सरिता माता कहते हैं और गर्व से कहते हैं – भारत माता!
क्योंकि इस संस्कृति ने न केवल महिलाओं को स्थान दिया है, बल्कि उन्हें सृजन और संस्कृति की शक्ति के रूप में भी माना है। सीता-राम, रुक्मिणी-कृष्ण, पार्वती-शंकर, ये जोड़ियाँ केवल पुराणों की कहानियाँ नहीं हैं, बल्कि संस्कृति और संतुलित जीवन के प्रतीक हैं।
विश्व में जो महान परिवर्तन हुए हैं, उन सब के मूल में एक प्रकार की मातृ-प्रधान संस्कृति की आवश्यकता है। तो आइए… हम मातृत्व की शक्ति को नमन करें, उसकी दया, करुणा और प्रेम के प्रकाश को प्रकट करें। और आइए हम सब मिलकर विचार करें कि धर्म की सच्ची परिभाषा क्या है? श्री राम और श्री कृष्ण के समय में धर्म का क्या स्थान था? क्या धर्म केवल एक विश्वास, मत और संप्रदाय है? या धर्म मानवता की वह शक्ति है जो मनुष्य को मानव बनाती है… और संस्कृति को अमर बनाती है?
कार्यक्रम विवरण
📅 दिनांक: 8 मार्च 2026, रविवार
⏰ समय: दोपहर 3:30 बजे से रात्रि 9:00 बजे तक
📍 स्थान:
आर्य समाज, त्रेण हटड़ी, टंकारा
विशेष निवेदन
आइए हम सभी इस कार्यक्रम का अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार करें और यह सुनिश्चित करें कि अधिक से अधिक बहनें इस कार्यक्रम में भाग लें।
आइए हम टंकारा की मातृशक्ति को सच्चे धर्म और वैदिक संस्कृति से परिचित कराएं।
आमंत्रितकर्ता
आर्य समाज टंकारा
एवं आर्य महिला मंडल टंकारा
सम्पर्क सूत्र
प्रभाबेन मणिपारा – 89808 08555
दिव्याबेन परमार – 79843 49272
हिनाबेन बरैया – 95373 53200
वनिताबेन पदसुम्बिया – 63534 86707
रसीलाबेन दुबरिया – 95107 30417
🎶🎵मधुर भजन सुनने के लिए यहाँ क्लिक करे 👇🎵🎶










