हे अज्ञान विदारक भगवन् मुझ को दृढ़ मज़बूत बना।

दृढ़ मज़बूत बना

(तर्ज- सुनो सुनो ऐ दुनियाँ वालों बापू की यह अमर कहानी) दृते वृह॒ मा मि॒ित्रस्य॑ मा॒ चक्षुषा सर्वीणि भूतानि समक्षन्ताम् ।मित्रस्या॒हं...