विद्वानों का मान नहीं

विद्वानों का मान नहीं, और मूर्ख का सत्कार जहां।

विद्वानों का मान नहीं, और मूर्ख का सत्कार जहां। विद्वानों का मान नहीं,और मूर्ख का सत्कार जहां।दुख ही दुख नित बढ़ते...