रस बरसत चहुं दिशि से आज।

रस बरसत चहुं दिशि से आज।

रस बरसत चहुं दिशि से आज। रस बरसत चहुं दिशि से आज।ब्रह्म तप सुलझे मोरे सगरे काज।।टेक ।। ऋत व्यवस्था का मैं...