बालुकण वर्षा की बूंदे

बालुकण वर्षा की बूंदे

बालुकण वर्षा की बूंदे तर्ज - बेशक मन्दिर मस्ज़िद तोड़ो बुल्लेशाह यह कहता बालुकण वर्षा की बूंदे,ये आकाश के तारे ।उपकार दयानन्द...