प्रातः उठ के जो प्रभु गुण गायेगा

प्रातः उठ के जो प्रभु गुण गायेगा

अमर फल पायेगा (तर्ज-चली चली रे पतंग मेरी चली रे) प्रातः उठ के जो प्रभु गुण गायेगा,वो ही जग में अमर...