तुम्हें क्या रिझायें।

नगमें सुनाकर, तुम्हें क्या रिझायें।

नगमें सुनाकर, तुम्हें क्या रिझायें। तर्ज - ये दिल और उनकी नगमें सुनाकर, तुम्हें क्या रिझायें।ऋषियों के देश में भी, कटती...