जिसने पर्वत गगन

जिसने पर्वत गगन, आगपानी पवन, सब बनाया।

जिसने पर्वत गगन, आगपानी पवन, सब बनाया। जिसने पर्वत गगन, आगपानी पवन, सब बनाया।हमने उस ईश में मन लगाया।शब्द करती नदी...