किस दर जाऊँ मैं

तेरे दर को छोड़कर, किस दर जाऊँ मैं

आस्था तेरे दर को छोड़कर, किस दर जाऊँ मैं,सुनता मेरी कौन है, किसे सुनाऊं मैं।। जब से याद भुलाई तेरी, लाखों कष्ट...