आर्य समाज भजन

देखकर रंग तेरी दुनियाँ का

देखकर रंग तेरी दुनियाँ का तर्ज- याद में तेरी जाग-जाग….. देखकर रंग तेरी दुनियाँ का,हम तो हैरान होते जाते हैं।भर के...
Read more
भइयन को तिलक लगा रही रे इस गीत की टेक व एक कली आदरणीय श्री अमर राम शर्मा 'दयानन्दी' जी ३...
ध्यान हटा के ईधर उधर से तर्ज - पण्डित जी मेरे मरने के बाद…. ध्यान हटा के ईधर उधर से,बस इतना कष्ट...
बेजुबाँ, जीवों को, ना सताना कभी। तर्ज -ये कली जब तलक…… बेजुबाँ, जीवों को, ना सताना कभी।इनसे प्यार, इनसे प्यार,इनसे...
काटकर रोज जीवों को,खाते रहे, दिल लुभाते रहे तर्ज - जिसके सपने हमें……. काटकर रोज जीवों को,खाते रहे, दिल लुभाते रहेये बता...
रचना प्रभु की ये, क्या लाजवाब है। तर्ज - चौदवीं का चाँद हो (गज़ल) रचना प्रभु की ये, क्या लाजवाब है।निश...
तूने ओ विधाता,कैसा जादू किया सारा ये जहान तर्ज - तूने ओ रंगीले…… तूने ओ विधाता,कैसा जादू किया सारा ये जहान,कैसे...
गंगा यमुना जहां विचरती तर्ज - नीले पर्वतों की धारा…… गंगा यमुना जहां विचरती,कितनी पावन है ये धरतीमेरे देश की SSSपैदा...
माँ तन्नै मेरी किस्मत फोंड़ दी री तर्ज- (गीत) सुविधानुसार (ये चारों कलियाँ मैंने लिखी हैंमगर इस गीत की टेककिसी अन्य...
ढूँढता हूँ आज अपनी आवाज़ में आवाज़ कोई। तर्ज- ग़ज़ल ढूँढता हूँ आज अपनी आवाज़में आवाज़ कोई।मुझे लगता है छुपा हैइसमें...
प्यारी-प्यारी ज़िन्दगी है तर्ज - चुप-चुप खड़े हो……. प्यारी-प्यारी ज़िन्दगी है,कुछ तो विचार कर।नेकियाँ कमा ले बन्दे,बदियाँ बिसार कर।। धर्म को निभाया कर,पाप...
मेरे मनवा तू गा, गा के नगमा सुना। तर्ज - मेरे बचपन तू जा…… मेरे मनवा तू गा, गा के नगमा...