आज देश को नया रूप दो नूतन प्राण भरो।

आज देश को नया रूप दो नूतन प्राण भरो।

आज देश को नया रूप दो नूतन प्राण भरो। आज देश को नयारूप दो नूतन प्राण भरो।सब निज स्वार्थ भुलाकर अपनाहरजन...