(रक्षा बंधन सोमवार १९ अगस्त २०२४ से श्री कृष्ण जन्माष्टमी २६ अगस्त २०२४ पर्यन्त)
के अवसर पर आर्य समाज कलकत्ता द्वारा आयोजित सरल आध्यात्मिक शिविर–
मान्यवर,
अज्ञान से ज्ञान की ओर, असत्य से सत्य की ओर, अन्धकार से प्रकाश की ओर तथा दुःख से छूटकर आनंद की ओर चलने का मार्ग वैदिक ऋषियों ने निर्दिष्ट किया है। इस निमित्त योग, सांख्य, वैशेषिक, न्याय, वेदांत और मीमान्सा दर्शन तथा एकादश उपनिषदों (ईश, केन, कठ आदि) के मर्मज्ञ मनीषी एवं महान् तपस्वी स्वामी विवेकानन्द परिव्राजक (दर्शनाचार्य एवं योगाचार्य) के सानिध्य में सरल आध्यात्मिक शिविर का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें आध्यात्म पर आधारित मानव मन में उठते हुए प्रश्नों का प्रमाणित समाधान दिया जाएगा।
आमंत्रित विद्वान स्वामी विवेकानन्द परिव्राजक (दर्शनाचार्य एवं योगाचार्य) एवं पंडित नरेश दत्त आर्य (भजनोपदेशक)
कार्यक्रम
सोमवार दिनांक १९ अगस्त से रविवार २५ अगस्त २०२४ तक
प्रतिदिन प्रातः ७.३० बजे से ९ बजे तक यजुर्वेद पारायण यज्ञ
९ बजे से १० बजे तक – भजन एवं प्रवचन
प्रतिदिन सायंकाल ६.४५ बजे से ८.३० बजे तक संध्या, भजन एवं प्रवचन
कार्यक्रम
विशेष सूचना – रविवार दिनांक २५ अगस्त २०२४
यज्ञ ७.३० बजे से ९ बजे तक
सप्त दिवसीय यजुर्वेद पारायण यज्ञ की पूर्णाहुति ९ बजे से ११ बजे तक
सत्यार्थ प्रकाश की कथा, भजन एवं सरल आध्यात्मिक शिविर का समापन ११ बजे से १ बजे तक
श्री कृष्ण जन्माष्टमी का पावन पर्वः सोमवार दिनांक २६ अगस्त २०२४ को श्रद्धेय पंडित नरेश दत्त आर्य के सानिध्य मे सायंकाल ६ बजे से ८.३० बजे तक मनाया जायेगा।
वेद के अध्ययन का पर्व है। ऋषि तर्पण स्वाध्याय का पर्व है।
व्रत बन्धन-यज्ञोपवीत करने और परिवर्तित करने का पर्व है।।
योऽनधीत्य द्विजो वेदमन्यत्र कुरुते श्रमम् ।
स जीवन्नेव शूद्रत्वामाशु गच्छति सान्वयः ।। – मनुस्मृति
जो द्विज वेद का अध्यन किये बिना अन्यत्र श्रम करता है,
वह जीवित ही परिवार सहित शीघ्र शूद्रता को प्राप्त करता है।
श्रावणी उपाकर्म के अवसर पर
यज्ञोपवीत परिवर्तित किये जाएंगे।
जो सज्जन संकल्पतः नवीन यज्ञोपवीत धारण करना चाहेंगे,
उन्हें पूर्व सन्ध्या व्रत (उपवास) करना चाहिए।
संस्कार की पूर्णतः व्यवस्था रहेगी।

निवेदक
आर्य समाज कलकत्ता, १९, विधान सरणी, कोलकाता ७००००६
विशेष – जो सज्जन यज्ञ पर यजमान बनना चाहे, कृपया आर्य समाज कलकत्ता के कार्यालय से सम्पर्क करें।
इस कार्यक्रम में आप सपरिवार सादर आमंत्रित हैं।
प्रधान – ध्रुवचन्द जायसवाल (९३३०११६९३८)
मन्त्री – दीपक आर्य (७९८०४९६२७६)










