नौजवानो देश सेवा में कदम धरते चलो
नौजवानो देश सेवा में कदम धरते चलो
रोग पीड़ित विश्व के सन्ताप सब हरते चलो
भूलकर कर्तव्य अपना नींद में क्यों सो गये
आप जागो और को भी होश में करते चलो।।1।।
हो रहे हैं पाप क्यों वीरो तुम्हारे सामने
धर्म पर डटते चलो और पाप से डरते चलो।।2।।
आपके हाथों में है अब रास भारत देश की
डूबतों को दो सहारा आप भी तैरते चलो।।3।।
लो बना आदर्श जीवन क्यों जवानी खो रहे
प्यार शोभाराम दिल में देश का भरते चलो।।4।।










