विजयादशमी पर्व चतुर्वेद शतकम् एवं राष्ट्र कल्याण यज्ञ
आदरणीय महानुभाव,
संसार में प्रत्येक व्यक्ति स्थाई सुख और आनंद चाहता है। इसका केवल एकमात्र साधन है- परमपिता परमात्मा की प्राप्ति। ईश्वर प्राप्ति हेतु यम, नियम आसन, प्राणायाम, प्रत्याहार, धारणा, ध्यान, समाधि का पालन आवश्यक है। यह योग के अंग सामाजिक और व्यक्तिगत जीवन में सुख और उन्नति के आधार हैं। इनके आचरण अर्थात् पालन न होने से ही आज संसार में दुखों के पहाड़ टूट रहे हैं। विद्वानों का मानना है कि जो यजमान यम-नियम का पालन करके इस भव्य राष्ट्र कल्याण यज्ञ में भाग लेगा, उसे इच्छित सुख एवं वस्तुओं की प्राप्ति अवश्य होगी ।
अतः आप सभी धर्म प्रेमी सज्जनों, माताओं-बहनों से विनम्र प्रार्थना है कि अपने परिवार एवं इष्ट मित्रों सहित अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर कार्यक्रम की शोभा बढ़ाएं एवं धर्म लाभ उठावें।
कार्यक्रम
शुक्रवार, 11 अक्तूबर 2024 से शनिवार, 12 अक्तूबर 2024
यज्ञ भजन एवं उपदेश सांयकाल 3:00 बजे से 5:00 बजे तक।
रविवार, 13 अक्टूबर 2024
यज्ञ की पूर्णाहुति : प्रातः 8:30 बजे से 9:30 बजे तक
भजन एवं प्रवचन: प्रातः 9:30 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक
यज्ञ ब्रह्मा : आचार्य सत्यव्रत जी
वेद पाठ : कन्या गुरुकुल नरेला की छात्राओं द्वारा
भजनोपदेशक : श्री सुशील कुमार आर्य, रोहतक
स्थान : आर्य समाज बोहर (नांदल भवन परिसर)
निवेदक :
आर्य समाज बोहर (रोहतक)
यजमान बनने हेतु सम्पर्क सूत्र :
9466281475, 93 11 46 7525, 9615130000, 9728830852, 8708455003, 8168071215










