वैदिक भजन
दौलत ढलती छाया
दौलत ढलती छाया।जीवन का उद्देश्य नहींये क्यों इस पर इतराया।
दौलत से ऐनक मिलतीपर नैन कहाँ से आए।दौलत औरत...
ओ३म् नाम भजले
ओ३म् नाम भजले,सुबह-शाम जपले,मन मेरे अरे मन मेरे-2
जो चाहता है सुख पाना,उस ईश्वर को ना भुलाना।'मधुर' प्रीति लगा,...
कदर न जानी नर-तन की
कदर न जानी नर-तन की,लगन लगी मन विषयन की।
तूं आशा शुभकर्म किया कर,दुखियों के फटे दिल...
हिम्मत न हारिए प्रभु ना बिसारिये।
हिम्मत न हारिए प्रभुना बिसारिये।हँसते-मुस्कराते हुएजिन्दगी गुजारिये।
हंसते मुस्कराते हुएजीना जिसको आ गया।टूटे हुए दिलों को...
संच्या तू करतार है
संच्या तू करतार हैसबका पालनहार है।तेरा सबको आसरातू सुखों का भंडार है।
नन्दलाल कहे श्रद्धा सेचरणों में शीश...
भगवान् मेरा जीवन संसार के लिए हो।
भगवान् मेरा जीवन,संसार के लिए हो।मेरी जिंदगी हो लेकिन,उपकार के लिए हो ॥
मन बुद्धि...
तेरे पूजन को भगवान्
तेरे पूजन को भगवान्,बना मन मंदिर आलीशान ।
तूने राजा रंक बनाए,तूने भिक्षुक राज बिठाए।तेरी लीला अपरम्पार बनामन...
आज का इन्सान क्या इन्सान है
आज का इन्सानक्या इन्सान है,चोला मानव कामगर शैतान है।
ज्ञान की चर्चा नकर इस मंच पर,तू...
पास रहता हूं तेरे सदा मैं अरे
पास रहता हूं तेरे सदा मैं अरे,तू नहीं देख पाये तो मैं क्या करूँ।मूढ़...
इन्सान नहीं इन्सान रहा
इन्सान नहीं इन्सान रहा,बन गया है पशु समान मेरे भगवान्।मानव मानवता खो बैठा,न रही अपनी पहचान मेरे...
रे बता दे कोई कहाँ गई तरुणाई
रे बता दे कोई कहाँ गई तरुणाई,रे बता दे कोई कहाँ गई तरुणाई।गई, गई...
बिन आत्मज्ञान के दुनिया में
बिन आत्मज्ञान के दुनिया में,इंसान भटकते देखे हैं।आम बशर की तो बात ही क्या,सुलतान भटकते देखे...











